- Back to Home »
- Astrology / Vastu »
- वास्तु शास्त्रनुसार दिशा में सोने से होते है फायदे...
Posted by : achhiduniya
27 March 2018
दिन भर की मेहनत-मशक्त के बाद हर कोई पूरी तरह से अपने आप को रिलैक्स महसूस करना चाहता है। जिसके चलते विद्वानो ने वास्तुशास्त्र में सोने के कुछ नियम बताये हैं, जिनकी अनदेखी भी कई परेशानियों का कारण बन जाती है। बहुत से लोग सोते समय इस बात का ध्यान रखते है की उनका सिर दक्षिण दिशा में हो और पैर उत्तर दिशा में। यह सोने का सबसे अच्छा तरीका है, इससे कई बीमारियां हमसे दूर रहती है। एक कारण ये भी है की वातावरण में भी चुम्बकीय शक्ति होती है, ये शक्ति दक्षिण से उत्तर दिशा की ओर प्रवाहित होती है। जब हम दक्षिण दिशा की ओर सिर करके सोते हैं तो यह ऊर्जा हमारे सिर से प्रवेश करती है और पैरों के रास्ते बाहर निकल जाती है। इससे हमारे शरीर में पाजिटिविटी आती है।
इस क्रिया से भोजन आसानी से पच जाता है। सुबह उठने पर हमारा दिमाग शांत रहता है और ताजगी महसूस होती है। किसी कारणवश दक्षिण दिशा में सिर नहीं रख पा रहे है या ऐसा संभव नहीं हो पा रहा है तो दूसरी दिशा पूर्व होती है। आप पूर्व दिशा में भी अपना सिर रखकर और पैर पश्चिम दिशा में कर के सो सकते है। इसके पीछे मान्यता यह है की सुबह सुबह सूर्य पूर्व से ही उदय होता है और हिन्दू धर्म में सूर्य को भगवान माना जाता है, ऐसे में जब पश्चिम में सिर रखकर सोते है तो हमारे पैर सुबह भगवान की तरफ होते है और यह शुभ नहीं माना जाता। ऐसे में सूर्य भगवान का सम्मान बना रहे, इसलिए पूर्व में सिर करना बेहतर होगा।

