राष्ट्रीय राजधानी बाल तस्करी की मंडी बन गई…. दिल्ली हाई कोर्ट ने क्यू और किसे कहा…?
मुख्य न्यायाधीश
डी.के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने 'जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रन एलायंस'
द्वारा दायर जनहित याचिका पर रेलवे,
दिल्ली सरकार, दिल्ली पुलिस और राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण
आयोग (NCPCR) को नोटिस जारी किया। पीठ ने पाया कि न्यायिक आदेशों के बाद भी बाल
तस्करी का खतरा बना हुआ है। उसने NCPCR को इस मामले में उचित निर्देश पारित करने में
सक्षम बनाने के लिए आवश्यक आंकड़े उपलब्ध कराने को कहा। पीठ ने मामले की अगली सुनवाई 10
जुलाई के लिए तय करते हुए एनसीपीसीआर से
अपने सुझाव देने को भी कहा। सुनवाई के दौरान पीठ ने टिप्पणी की,
'दिल्ली अब बाल तस्करी की मंडी बन गई है
और
इस तथ्य को जानने के लिए आपको याचिका पढ़ने की जरूरत नहीं है। बस दो घंटे रेलवे
स्टेशनों के आसपास घूमिए। दिल्ली हाई कोर्ट ने बुधवार को कहा कि राष्ट्रीय राजधानी
बाल तस्करी की मंडी बन गई है। कोर्ट ने रेलवे और पुलिस को उस जनहित याचिका पर जवाब देने
को कहा, जिसमें
रेलवे स्टेशनों और आसपास के क्षेत्रों में बाल तस्करी की घटनाओं पर चिंता जताई गई
है।
कोर्ट ने गौर किया
कि हालांकि रेलवे सहित अन्य विभागों द्वारा तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए उपाय
अपनाए गए, लेकिन
प्रभावी कार्यान्वयन की कमी के कारण स्थिति में कोई बदलाव नहीं आया। याचिकाकर्ता
की ओर से पेश वकील प्रभसहाय कौर ने कहा कि 2018 से 2024 के बीच रेलवे परिसर में रेलवे सुरक्षा बल द्वारा 84,000
से अधिक बच्चों को बचाया गया। उन्होंने यह भी बताया कि एक घटना ऐसी भी हुई थी
जिसमें आनंद विहार रेलवे स्टेशन से बचाई गई एक बच्ची को बाल कल्याण समिति के समक्ष
पेश करने के बजाय तस्करों को वापस सौंप दिया गया था, और बाद में एक छापेमारी में उसे फिर से बचाया
गया।
सोशल मीडिया पर गैस, पेट्रोल और डीजल की किल्लत की अफवाह फैलाने वाले 10 युवक गिरफ्तार…
ईरान और
इजरायल-अमेरिका के बीच जारी युद्ध के दौरान गैस और पेट्रोलियम की किल्लत को लेकर
सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर पुलिस कड़ी नजर रख रही थी। राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में गैस,
पेट्रोल और डीजल की किल्लत की अफवाह
फैलाने पर मंगलवार को 10 युवकों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधीक्षक
धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि इस दौरान सोशल मीडिया पर ऐसे 10
अकाउंट की पहचान की गई,
जिनपर अफवाह फैलाई जा रही थी। ये लोग फॉलोअर्स
और व्यूअर्स बढ़ाने के लिए सोशल
मीडिया पर भ्रामक पोस्ट डालकर
भ्रम का माहौल बना रहे थे। उन्होंने
कहा कि गिरफ्तार आरोपियों में करण जाट, धीरज जाट, अर्पित शर्मा, अर्जुन चौधरी, महेंद्र बैरवा, कैलाश बैरवा, मुकेश प्रजापत, राधेश्याम जाट, ओमप्रकाश और दीपक सिंह शामिल हैं। सभी को जमानत
पर छोड़ दिया गया है। इसके साथ ही पुलिस ने गिरफ्तार किए गए सभी युवकों
से अफवाह फैलाने वाले वीडियो डिलीट करवाए और माफ़ी मंगवाकर वीडियो
जारी करवाए।
इंटरनेट के जरिए कॉल डायवर्ट और फर्जी कॉल से साइबर फ्रॉड….
SIT ने गुरुग्राम के यू-ब्लॉक और चकरपुर समेत कई
स्थानों पर छापेमारी की। रेड के दौरान पुलिस ने 15 सिम बॉक्स, 504 सिम कार्ड, 7 वाई-फाई राउटर, 7 TAPO कैमरे, 29 वाई-फाई स्विच, 30 बैटरियां और अन्य तकनीकी उपकरण बरामद किए। ये
उपकरण इंटरनेट के माध्यम से कॉल डायवर्ट करने और फर्जी कॉल के जरिए लोगों को ठगने
में इस्तेमाल किए जा रहे थे। गौरतलब है कि,हरियाणा की गुरुग्राम पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय
नेटवर्क से जुड़े एक बड़े साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 5
आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह
फिलीपींस और कंबोडिया से संचालित हो रहा था। भारत में सिम बॉक्स के जरिए साइबर
अपराधों को
अंजाम दे रहा था। पुलिस ने इस मामले में 5 अलग-अलग शिकायतों के आधार पर 5
मामले दर्ज किए हैं। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कासगंज निवासी राहुल
कुमार, अहमदाबाद
निवासी यश अमृत सिंह डुगर, कच्छ निवासी भाविका भगचंदानी,
लितेश और सागर के रूप में हुई है। जांच
में खुलासा हुआ कि आरोपी फिलीपींस और कंबोडिया में बैठे अपने आकाओं के संपर्क में
थे और नेपाल-बिहार रूट के जरिए उपकरण भारत लाते थे। डीसीपी गौरव राजपुरोहित ने कहा
कि इस नेटवर्क के जरिए डिजिटल अरेस्टिंग जैसे साइबर अपराधों को अंजाम दिया जाता
था। हजारों फर्जी सिम कार्ड सक्रिय किए गए थे। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर
रही है। पूरे नेटवर्क की गहन जांच जारी है।
भारत और चीन अच्छे और सहयोगी पड़ोसी हैं जिन्हें अलग नहीं किया जा सकता… चीन के राजदूत शू फेहॉन्ग
चीन के राजदूत शू
फेहॉन्ग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि दोनों देशों को अच्छे पड़ोसी दोस्त और
ऐसे साझेदार बनना चाहिए जो एक-दूसरे की सफलता में मदद करें।
उन्होंने इसे ड्रैगन-एलीफेंट टैंगो
की सोच को साकार करने का रास्ता बताया।
साथ ही राजदूत ने कहा कि चीन भारत के साथ रणनीतिक तालमेल बढ़ाने,
विभिन्न क्षेत्रों में व्यावहारिक सहयोग
गहरा करने और लोगों के बीच संपर्क को मजबूत करने के लिए तैयार है। उन्होंने यह भी
कहा कि ग्लोबल साउथ के हितों को आगे बढ़ाने के लिए बहुपक्षीय मंचों पर दोनों देशों
के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है। भारत और चीन के बीच कूटनीतिक संबंधों के 76
साल पूरे होने के मौके पर दोनों देशों के
नेताओं और अधिकारियों ने रिश्तों को मजबूत बनाने पर जोर दिया है। इस मौके पर भारत
में चीन के राजदूत शू फेहॉन्ग ने कहा कि भारत और चीन ऐसे
पड़ोसी हैं जिन्हें अलग
नहीं किया जा सकता और दोनों देशों के हित में है कि वे अच्छे पड़ोसी और सहयोगी
बनकर आगे बढ़ें। बता दें कि इससे पहले मुंबई में चीन के कोंसुल जनरल किन जिए ने
भारत-चीन संबंधों के भविष्य को लेकर आशावाद जताया था। चीन का भारत की तरफ
दोस्ती का हाथ बढ़ाना एक सोची-समझी कूटनीतिक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
सीमा विवाद के कारण लंबे समय से दोनों देशों के रिश्तों में तनाव रहा है,
इसलिए चीन माहौल को नरम कर बातचीत और
स्थिरता की दिशा में बढ़ना चाहता है।
दूसरी बड़ी वजह वैश्विक राजनीति है। अमेरिका
और पश्चिमी देशों के बढ़ते दबाव के बीच चीन चाहता है कि भारत उसके साथ संतुलन बनाए
रखे, न कि पूरी तरह
पश्चिमी खेमे में जाए। कुल मिलाकर, शी जिनपिंग के नेतृत्व में चीन टकराव कम कर अपने
हित सुरक्षित करने और क्षेत्र में स्थिरता दिखाने की रणनीति अपना रहा है। इससे
पहले मुंबई में चीन के कोंसुल जनरल किन जिए ने प्रधानमंत्री नरेंद्र
मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मुलाकातों का जिक्र करते हुए कहा था कि
पिछले 2 सालों
में दोनों नेताओं की 2 बार मुलाकात हुई है और रिश्ते सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने
कहा था, 'हमारे
नेताओं के मार्गदर्शन में भारत-चीन संबंध सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। यह दोनों
देशों के लोगों और वैश्विक स्थिरता के लिए अच्छा संकेत है।'
किन जिए ने इस साल भारत में होने वाले BRICS
शिखर सम्मेलन को भी अहम अवसर बताते हुए
कहा कि इससे दोनों देशों के आपसी संबंध और मजबूत होंगे।
TMC {ममता} और BJP के साथ एक गुप्त समझौता,दोनों एक ही सिक्के के दो पहलू… AIMIM प्रमुख ओवैसी
कोलकाता में ऑल
इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया कि
सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और अन्य दलों ने पश्चिम बंगाल में मुसलमानों का
इस्तेमाल वोट बैंक की तरह किया, लेकिन समुदाय के विकास के लिए कुछ नहीं किया।
ओवैसी ने यह भी दावा किया कि पिछले 50 वर्षों में मुस्लिम समुदाय ने कांग्रेस,
वाममोर्चा और तृणमूल कांग्रेस को वोट दिया,
लेकिन उनकी स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ
है। ओवैसी ने
मुर्शिदाबाद की रैली में तृणमूल कांग्रेस पर बड़ा हमला बोला। ओवैसी ने काह कि ममता
और बीजेपी दोनों एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। हुमायूं कबीर के नेतृत्व वाली
एजेयूपी के उम्मीदवारों के समर्थन में मुर्शिदाबाद जिले के नाओडा में एक चुनावी
रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने यह बात कही। उन्होंने कहा, पश्चिम बंगाल में मुसलमानों को राजनीतिक निर्णय
लेने में अधिक प्रतिनिधित्व दिलाने और उनके वास्तविक विकास के लिए हमने कबीर के
साथ हाथ मिलाया है। हम
सब मिलकर ममता और उनकी पार्टी टीएमसी को करारा झटका देंगे।
ओवैसी ने रैली को संबोधित करते हुए कहा,अब समय आ गया है कि मुस्लिम समुदाय से ऐसे नेताओं
को चुना जाए जो आपके आर्थिक विकास को सुनिश्चित कर सकें। उन्होंने कहा,यहां की आबादी में मुसलमानों की संख्या लगभग 30
प्रतिशत है, लेकिन राज्य सरकार की नौकरियों में लगभग 7
प्रतिशत मुसलमान हैं। मुसलमानों के शोषण
को रोकने का समय आ गया है। इसके लिए अपने ही लोगों में से ऐसे नेताओं को चुनें जो
भारत की धर्मनिरपेक्ष और समावेशी भावना का पालन करते हुए आर्थिक विकास को
सुनिश्चित कर सकें। बीजेपी और टीएमसी दोनों ही भारत की धर्मनिरपेक्ष और समावेशी
भावना का उल्लंघन कर रहे हैं। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख
ममता बनर्जी पर मुसलमानों के खिलाफ भेदभाव और अत्याचारों के संबंध में पाखंड करने
का आरोप लगाते हुए, ओवैसी ने दावा किया कि बनर्जी का भाजपा के साथ एक गुप्त समझौता है और
उनकी रणनीति अब उजागर हो गई है। ओवैसी ने तृणमूल कांग्रेस के उन आरोपों को खारिज
कर दिया कि तृणमूल कांग्रेस के वोट शेयर को कम करने और भाजपा को जीत दिलाने के लिए
एआईएमआईएम और एजेयूपी चुनाव मैदान में उतरे हैं। AIMIM प्रमुख ने कहा, भाजपा और तृणमूल कांग्रेस दोनों हमारे लिए एक
समान हैं। वे एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। जैसा कि मैंने बार-बार कहा है,
हमारा गठबंधन चाहता है कि मुसलमानों को
अपनी आवाज उठाने और अपने अधिकारों के लिए लड़ने का मौका मिले।
पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यीय विधानसभा के चुनाव दो चरणों में 23
और 29 अप्रैल को होंगे। मतगणना चार मई को होगी।
6 मिनटों पुलिस सहायता उपलब्ध कराएगी सीएम भगवंत मान सरकार, इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन को दिखाई हरी झंडी…
पंजाब के
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पिछले चार सालों के दौरान पुलिस वाहनों के
लिए 327.70 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है, जिससे न केवल पुलिस बल का आधुनिकीकरण हुआ है
बल्कि कानून-व्यवस्था भी मजबूत हुई है। साथ ही नशा तस्करों पर भी सख्त कार्रवाई की
गई है। उन्होंने कहा कि बेहतर सुरक्षा से निवेशकों का विश्वास बढ़ता है,
जिसका स्पष्ट उदाहरण टाटा स्टील द्वारा
पंजाब में अपने दूसरे सबसे बड़े प्लांट की स्थापना के लिए किया जा रहा निवेश है। पंजाब
के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज राज्य भर में जमीनी स्तर पर पुलिसिंग को
मजबूत करने के लिए संगरूर में 508 इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन (ERV)
को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने
कहा कि पंजाब सरकार अब अमेरिका और यूरोप जैसे विकसित देशों की तर्ज पर महज़ छह
मिनट में पुलिस
सहायता उपलब्ध कराएगी। अत्याधुनिक तकनीक से लैस ये वाहन डायल-112
सेवा के तहत सभी 28 पुलिस जिलों में तैनात किए जाएंगे,
जो आपातकालीन परिस्थितियों में तुरंत
सहायता सुनिश्चित करेंगे। यह कदम त्वरित और तकनीक-आधारित कानून प्रवर्तन की दिशा
में एक महत्वपूर्ण पहल है। संगरूर
में सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, पंजाब से नशे के खतरे को पूरी तरह खत्म करने के
लिए आखिरी बार के रूप में नशे के कारोबार में शामिल लोगों का सामाजिक बहिष्कार
करना जरूरी है।'
उन्होंने
कहा कि जिन लोगों ने पीढ़ियों को बर्बाद किया है, उनके साथ किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जानी
चाहिए। ऐसे
तत्वों को सबक सिखाना होगा और उनका सामाजिक बहिष्कार पंजाब को नशे की दलदल से बाहर
निकालने में अहम भूमिका निभाएगा। सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में सुधारों पर प्रकाश
डालते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने हाईवे पर सुरक्षा सुनिश्चित करने
और कीमती जानें बचाने के लिए देश की पहली समर्पित सड़क सुरक्षा फोर्स शुरू की है।
1,597
प्रशिक्षित कर्मियों और 144
आधुनिक वाहनों के साथ यह फोर्स 4,200
किलोमीटर दुर्घटना-प्रभावित हाईवे पर
तैनात है और इसके कारण सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में 48
प्रतिशत की कमी आई है। इस पहल की केंद्रीय
मंत्री नितिन गडकरी ने भी सराहना की है। पुलिस के आधुनिकीकरण संबंधी बात करते हुए
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि आज इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहन पहल के
तहत 508 नई
बोलेरो गाड़ियों को हरी झंडी दिखा कर रवाना किया जा
रहा है। इससे डायल-112
फ्लीट में कुल वाहनों की संख्या बढ़कर 764
हो गई है। ये सभी वाहन जीपीएस ट्रैकर,
डैश कैमरा और मोबाइल डेटा सिस्टम जैसी
आधुनिक तकनीकों से लैस हैं। बेहतर कुशलता के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि
डायल-112 पर
प्रतिदिन लगभग 15,000 कॉल प्राप्त होती हैं, जिनमें से करीब 1,500 कॉल पर तुरंत वाहन भेजे जाते हैं और प्रतिक्रिया
समय को 30-45 मिनट से घटाकर 13-14 मिनट कर दिया गया है।
MH-DCM एकनाथ शिंदे ने बेटे डॉ.श्रीकांत शिंदे को सौंपी चुनावी कमान
लोकसभा चुनाव को
ध्यान में रखते हुए शिवसेना ने पहले ही
कमर कस ली है। शिवसेना के मुख्य नेता और राज्य के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के
आदेश पर पार्टी ने राज्य की सभी 48 लोकसभा सीटों के लिए संपर्क प्रमुखों की घोषणा कर
दी है। मुंबई में लोकसभा चुनाव में शिवसेना को एक भी सीट नही मिल पाई थी जिसके
चलते एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने अभी से मुंबई के सभी 6
लोकसभा चुनाव क्षेत्र की जिम्मेदारी
श्रीकांत शिंदे को सौंप दी है। इसमें मुंबई की छह लोकसभा सीटों और ठाणे लोकसभा की
जिम्मेदारी शिवसेना संसदीय दल के नेता सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे को सौंपी गई है।
भिवंडी और कल्याण लोकसभा के संपर्क प्रमुख के रूप में
सांसद नरेश म्हस्के को चुना
गया है। शिवसेना
ने राज्य की सभी लोकसभा सीटों के लिए संपर्क प्रमुख घोषित कर दिए हैं। मुंबई उत्तर, मुंबई उत्तर पश्चिम, मुंबई उत्तर मध्य, मुंबई दक्षिण मध्य, पूर्वोत्तर मुंबई और दक्षिण मुंबई —
इन मुंबई की सभी छह लोकसभा सीटों के
संपर्क प्रमुख पद की जिम्मेदारी सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे को दी गई है। डॉ.
श्रीकांत शिंदे के साथ मंत्री योगेश कदम, विधायक नीलेश राणे और पूर्व सांसद राहुल शेवाळे
को भी मुंबई की लोकसभा सीटों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। साथ ही ठाणे लोकसभा का संपर्क प्रमुख पद भी डॉ.
श्रीकांत शिंदे को ही दिया गया है।
CBI ने डिप्टी कमिश्नर को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा....
केंद्रीय अन्वेषण
ब्यूरो (CBI) ने
शाहदरा नॉर्थ जोन के डिप्टी कमिश्नर लेफ्टिनेंट कर्नल अभिषेक कुमार मिश्रा को
गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने बताया कि शाहदरा दिल्ली नगर निगम नॉर्थ जोन के
डिप्टी कमिश्नर को 4 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया है। आरोप है कि डिप्टी कमिश्नर अभिषेक कुमार मिश्रा
ने किसी काम को करने के बदले 4 लाख रुपये की मांग की थी। CBI
को इस बात की जानकारी मिली,
जिसके बाद जाल बिछाया गया और अधिकारी को
रिश्वत के पैसे लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार अधिकारी
भारतीय सेना के लेफ्टिनेंट कर्नल हैं, जो वर्तमान में MCD में प्रतिनियुक्ति पर तैनात थे। CBI
की टीम अब अधिकारी
से पूछताछ कर रही है और
यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या इस मामले में और भी लोग शामिल हैं। इस
गिरफ्तारी के बाद MCD विभाग में हड़कंप मच गया है। दिल्ली नगर निगम (MCD) दुनिया के सबसे बड़े शहरी निकायों में से एक है,
जो दिल्ली के लगभग 96%
भौगोलिक क्षेत्र में नागरिक सेवाएं प्रदान
करता है। इसकी स्थापना 7 अप्रैल, 1958 को संसद के एक अधिनियम के तहत की गई थी। बीच में
इसे प्रशासनिक कारणों से तीन हिस्सों (उत्तर, दक्षिण और पूर्वी दिल्ली नगर निगम) में विभाजित
किया गया था, लेकिन 22
मई, 2022 को केंद्र सरकार ने इसे फिर से एकीकृत कर एक एकल 'MCD'
बना दिया। इसका मुख्यालय मिंटो रोड स्थित
ऐतिहासिक 'सिविक
सेंटर' में है।
1 अप्रैल टैक्स से लेकर बैंकिंग, रेलवे नियम में होंगे बड़े बदलाव...
अब ट्रेन छूटने से 8 घंटे पहले तक ही टिकट
कैंसिल करने पर रिफंड मिलेगा। इसके बाद कैंसिलेशन पर पैसे वापस नहीं मिलेंगे। यानी
अब प्लान बदलने पर ज्यादा नुकसान हो सकता है। F&O
ट्रेडिंग
करने वालों के लिए खर्च बढ़ने वाला है। ऑप्शंस पर लगने वाला STT
बढ़ा
दिया गया है। इसके अलावा गोल्ड बॉन्ड (SGB) से जुड़े टैक्स नियमों
में भी बदलाव हुआ है। पुराने इनकम टैक्स एक्ट 1961
की
जगह नया इनकम टैक्स एक्ट 2025 लागू होगा। इसमें
असेसमेंट ईयर और प्रीवियस ईयर जैसे कॉम्प्लिकेटेड शब्द हटाकर सिर्फ टैक्स
ईयर रखा
गया है। इसके अलावा HRA छूट के लिए मकान मालिक
का PAN और किराए का प्रूफ देना जरूरी होगा। क्रेडिट कार्ड से
सालाना ₹10 लाख से ज्यादा खर्च करने वालों की जानकारी अब
टैक्स विभाग को दी जाएगी। कई बैंकों ने रिवॉर्ड प्वाइंट्स और चार्जेस में भी बदलाव
किए हैं। कुछ सेवाओं पर अतिरिक्त शुल्क लग सकता है, जिससे आपके खर्च बढ़
सकते हैं। नए लेबर लॉ के तहत
बेसिक सैलरी का हिस्सा बढ़ेगा। इससे PF और ग्रेच्युटी तो
ज्यादा मिलेगी, लेकिन टेक-होम सैलरी थोड़ी कम हो सकती है। हर महीने की तरह 1
अप्रैल
को LPG, CNG और PNG की कीमतों में बदलाव हो
सकता है। इसका असर आपके किचन बजट और यात्रा खर्च पर पड़ेगा। ऑनलाइन ट्रांजैक्शन को
सुरक्षित बनाने के लिए अब 2 फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA)
को और
मजबूत किया गया है। OTP के साथ-साथ बायोमेट्रिक
या डिवाइस आधारित सुरक्षा भी जरूरी हो सकती है।
मिडिल ईस्ट तनाव भारत की अर्थव्यवस्था को कैसे करेगा प्रभावित...?
भारत एक बड़ा ऊर्जा
आयातक देश है और पश्चिम एशिया के देशों के साथ उसका व्यापार और निवेश गहराई से
जुड़ा हुआ है। इसके अलावा, खाड़ी देशों से आने वाले रेमिटेंस का भी भारतीय
अर्थव्यवस्था में बड़ा योगदान है। ऐसे में वहां के हालात बिगड़ने का सीधा असर भारत
पर पड़ सकता है। वित्त मंत्रालय की हालिया रिपोर्ट में भी कहा गया है कि आने वाले समय
में आर्थिक स्थिति अनिश्चित बनी रह सकती है। रिपोर्ट के अनुसार,
पश्चिम एशिया में जारी संकट,
कच्चे माल की बढ़ती कीमतें और सप्लाई में
बाधाएं भारत की ग्रोथ के लिए
जोखिम पैदा कर रही हैं। वैश्विक बाजार में कच्चे तेल
की कीमतों में उछाल भारत के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन सकता है। अगर तेल और गैस
महंगे होते हैं, तो इसका
असर परिवहन, उद्योग
और रोजमर्रा की चीजों की कीमतों पर पड़ेगा। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव का असर अब
भारत की अर्थव्यवस्था पर भी दिखने लगा है। देश के चीफ इकनॉमिक एडवाइजर वी. अनंत
नागेश्वरन ने चेतावनी दी है कि ईरान से जुड़े युद्ध जैसे हालात भारत के आर्थिक
संकेतकों पर व्यापक असर डाल सकते हैं। उन्होंने साफ कहा कि ग्रोथ,
महंगाई और फाइनेंशियल बैलेंस पर इसका दबाव
बढ़ सकता है। सीईए के मुताबिक, मौजूदा हालात में देश की आर्थिक वृद्धि दर
प्रभावित हो सकती है।
कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से महंगाई बढ़ने का खतरा है,
जिसका असर आम लोगों की जेब पर भी पड़ेगा।
खासकर ईंधन से जुड़े सेक्टर में लागत बढ़ने से कीमतें और ऊपर जा सकती हैं। हालांकि
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि भारत की मजबूत आर्थिक बुनियाद और घरेलू मांग इस
असर को कुछ हद तक कम कर सकती है। सरकार ऊर्जा सोर्स में विविधता लाने,
महंगाई को कंट्रोल करने और आर्थिक स्थिरता
बनाए रखने के लिए लगातार कदम उठा रही है।
राहुल गांधी के दिमाग को 'एक्टिविस्ट' सलाहकारों ने हाइजैक कर लिया है...मंत्री किरेन रिजिजू
एक निजी शिखर
सम्मेलन टाइम्स नाउ समिट के दौरान रिजिजू ने राहुल गांधी के संसद में
टी-शर्ट पहनकर आने और उनकी राजनीतिक कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा
कि कांग्रेस नेता के दिमाग पर उनके एक्टिविस्ट सलाहकारों ने कब्जा कर लिया है और वह संसद में
वही बोलते हैं जो उनके सलाहकार उन्हें बोलने को कहते हैं। रिजिजू ने कहा,निजी तौर पर, मुझे राहुल गांधी से कोई दिक्कत नहीं है। हम
मिलते हैं, बैठक
कक्ष में और उसके बाहर एक-दूसरे से बात करते हैं, क्योंकि वह प्रतिपक्ष के नेता हैं। यह ठीक है।
कोई दिक्कत नहीं,लेकिन जब आप औपचारिक रूप से सदन के पटल पर बोल रहे होते हैं,
तो आपको परंपराओं, नियमों और शिष्टाचार
का पालन करना चाहिए। ये
संसदीय लोकतंत्र के बहुत जरूरी हिस्से हैं। उन्होंने आगे कहा,लेकिन राहुल गांधी का दिमाग उनके एक्टिविस्ट
सलाहकारों ने हाईजैक
कर लिया है। वह वही बोलते हैं जो उनके
सलाहकार बोलने को कहते हैं। रिजिजू ने कहा कि जब बीजेपी विपक्ष में थी,
तो उसने कुछ मानकों का पालन किया और
जोरदार विरोध प्रदर्शन किए, लेकिन उसने कभी अपनी सीमाएं पार नहीं कीं। राहुल
गांधी के संसद में अक्सर कैजुअल कपड़ों में आने के बारे में पूछे जाने पर मंत्री
ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष के तौर पर, किसी को भी उचित तरीके से व्यवहार करना चाहिए
और पहनावा भी इसी का एक हिस्सा है।
मंत्री
ने कहा,उन्हें
नियमों और शिष्टाचार को समझने में दिक्कत होती है। जब आप नेता प्रतिपक्ष होते हैं,
तो आपको एक खास तरीके से व्यवहार करना
होता है। शालीन पहनावा भी इसी का एक हिस्सा है। रिजिजू ने कहा कि वरिष्ठ
कम्युनिस्ट नेता सोमनाथ चटर्जी लोकसभा अध्यक्ष बनने से पहले ढीली शर्ट और सैंडल
पहनते थे। उन्होंने कहा,लेकिन जब वह लोकसभा अध्यक्ष चुने गए,
तो वह काफी शालीनता से कपड़े पहनकर आने
लगे ताकि वह कुर्सी पर बैठे हुए अच्छे दिखें। इसी तरह, नेता प्रतपिक्ष पूरे विपक्ष के नेता होते हैं और
इसलिए उन्हें इस तरह से कपड़े पहनने चाहिए जो उनके पद की गरिमा के अनुरूप हों। रिजिजू
ने कहा, "हो सकता है कि मैं उस व्यक्ति का सम्मान न करूं,
लेकिन मुझे उस पद का सम्मान करना ही होगा।
इसलिए बहुत से लोगों को लगता है कि वह (गांधी) और बेहतर तरीके से व्यवहार कर सकते
हैं, जिसमें बेहतर पहनावे
की समझ भी शामिल है। मैं टी-शर्ट पहनने पर कोई आपत्ति नहीं जता रहा हूं,
लेकिन यह अच्छा नहीं लगता। केंद्रीय
मंत्री ने कहा कि राहुल गांधी की राजनीति विरोधाभासों से भरी लगती है;
वह सरकार की हर उपलब्धि का विरोध करते हैं
और उसकी हर सफलता पर सवाल उठाते हैं।
डेटा के नाम पर लूट रिचार्ज प्लान पर राघव चड्ढा ने संसद में सरकार को घेरा
टेलीकॉम कंपनियां हर
24 घंटे में रीसेट होने
वाले 1.5GB, 2GB या 3GB हर दिन की डेली डेटा लिमिट
वाले रिचार्ज प्लान देती हैं। पूरा पेमेंट
करने के बाद भी, कोई भी
इस्तेमाल न किया गया डेटा आधी रात को एक्सपायर हो जाता है।आपको 2GB
का बिल आता है। आप 1.5GB
इस्तेमाल करते हैं। बचा हुआ 0.5GB
दिन खत्म होते ही गायब हो जाता है। कोई
रिफंड नहीं। कोई रोलओवर नहीं। बस चला गया। यह कोई एक्सीडेंट नहीं है। यह पॉलिसी
है। इसे बेवजह इस्तेमाल करें, नहीं तो आधी रात तक खत्म हो जाएगा। आजकल मोबाइल
डेटा ऐसे ही काम करता है। राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने संसद में डेली डेटा लिमिट
का मुद्दा उठाया है। उन्होंने कहा कि हम पूरे डेटा के लिए पैसे देते हैं,
लेकिन दिन खत्म होते ही पूरा डेटा भी चला
जाता है। ऐसा नहीं होना चाहिए। हर ग्राहक को रोलओवर की सुविधा
मिलनी चाहिए। राघव
चड्ढा ने पार्लियामेंट में यह मुद्दा उठाया था कि जिस डेटा के लिए हमने पेमेंट
किया है, उसे
जब्त क्यों किया जाना चाहिए? इस्तेमाल न किया गया डेटा अगले साइकिल में कैरी
फॉरवर्ड होना चाहिए, ताकि कंज्यूमर वही इस्तेमाल कर सकें जिसके लिए उन्होंने पहले ही
पेमेंट कर दिया है। राघव चड्ढा की मांगें सभी टेलीकॉम ऑपरेटर्स को इस्तेमाल न किए गए डेटा
का रोलओवर देना चाहिए। दिन के आखिर में जो डेटा इस्तेमाल नहीं होता,
उसे अगले दिन की डेली डेटा लिमिट में जोड़
देना चाहिए, वैलिडिटी
खत्म होते ही मिटाना नहीं चाहिए।
अगले महीने
के
रिचार्ज
अमाउंट
के
बदले
इस्तेमाल
न
किए
गए
डेटा
को
एडजस्ट
करने
का
ऑप्शन
दें। अगर कोई कंज्यूमर कई साइकिल में लगातार अपने
डेटा का कम इस्तेमाल करता है, तो अगले महीने के रिचार्ज अमाउंट से उस वैल्यू को
एडजस्ट या डिस्काउंट करने का एक तरीका होना चाहिए। कंज्यूमर को बार-बार उस
कैपेसिटी के लिए पेमेंट नहीं करना चाहिए जिसका वे इस्तेमाल नहीं करते। इस्तेमाल न
किए गए डेटा को कंज्यूमर की डिजिटल प्रॉपर्टी माना जाना चाहिए। यूज़र्स को अपनी
डेली डेटा लिमिट से अपना इस्तेमाल न किया गया डेटा दूसरों को ट्रांसफर करने की
इजाज़त होनी चाहिए, ठीक वैसे ही जैसे दूसरों को पैसे ट्रांसफर किए जाते हैं। राघव चड्ढा
ने कहा कि जैसे-जैसे हम डिजिटल इंडिया बना रहे हैं, एक्सेस उस डेटा पर निर्भर नहीं रह सकता जो गायब
हो जाता है। अगर आपने इसके लिए पेमेंट किया है, तो इसे आगे बढ़ाना चाहिए और इस्तेमाल के लिए आपका
ही रहना चाहिए।
दुनिया में 57 इस्लामी देश हैं, तो भारत को हिंदू राष्ट्र क्यों घोषित नहीं किया जा सकता… टी. राजा सिंह
तेलंगाना के विधायक टी
राजा सिंह ने पूछा, क्या भारत माता की जय का नारा या वंदे मातरम गीत गाने से किसी का धर्म
खतरे में पड़ जाता है? हिंदुओं से जातिगत मतभेदों को दरकिनार करते हुए हिंदू राष्ट्र
की प्राप्ति की दिशा में काम करने का
आह्वान करते हुए उन्होंने सवाल उठाया कि जब दुनिया में 57 इस्लामी देश हैं, तो भारत को हिंदू राष्ट्र क्यों घोषित नहीं किया
जा सकता है। उन्होंने महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और आंध्र प्रदेश की पुलिस द्वारा
विभिन्न मामलों में आतंकवाद से जुड़े संदिग्ध व्यक्तियों को गिरफ्तार करने की भी
प्रशंसा की।
उन्होंने कहा,अगर कोई भारत या मेरे धर्म को बुरी नीयत से देखने
की हिम्मत करता है, तो हम उसे नहीं बख्शेंगे। विधायक टी.राजा सिंह ने राष्ट्रगीत वंदे मातरम
और भारत माता की जय
के नारे लगाने का विरोध करने वालों पर
निशाना साधा है। विधायक ने सवाल किया कि भारत हिंदू राष्ट्र
क्यों नहीं बन सकता। हैदराबाद में राम
नवमी की शोभायात्रा में गोशामहल के विधायक ने शुक्रवार को कहा कि जो लोग भारत को
अपना देश मानते हैं, उन्हें राष्ट्रगीत वंदे मातरम और भारत माता की जय का नारे लगाने का विरोध नहीं करना चाहिए। लव
जिहाद जैसी
गतिविधियों में भी शामिल नहीं होना चाहिए। लव जिहाद शब्द का उपयोग दक्षिणपंथी समूहों द्वारा मुस्लिम
पुरुषों द्वारा हिंदू महिलाओं को प्रेम संबंधों और विवाह के जाल में फंसाकर उन्हें
इस्लाम में परिवर्तित करने की साजिश का आरोप लगाने के लिए किया जाता है।
































