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- पहले शरीयत, फिर संविधान दिया विवादित बयान मंत्री हफीजुल हसन ने,फिर बात से पलटे
Posted by : achhiduniya
16 April 2025
झारखंड विधानसभा में
विपक्ष के नेता और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने मंत्री हसन की
विवादास्पद टिप्पणी पर कांग्रेस और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) से स्पष्टीकरण
मांगा है। मरांडी ने कहा, 'यह स्पष्ट हो गया है कि कांग्रेस और जेएमएम
संविधान की प्रति लेकर घूमते हुए संविधान का मजाक उड़ाते हैं। हफीजुल हसन के
शब्दों से सच्चाई सामने आ गई है। उन्होंने आगे पार्टियों की आलोचना करते हुए दावा
किया कि उनकी टिप्पणियों से संविधान के प्रति उनकी अवहेलना का पता चलता है। बीजेपी
नेता मरांडी ने कहा,इसलिए पार्टी मांग करती है कि कांग्रेस और झामुमो इस पर स्पष्टीकरण
दे। ऐसे मंत्री को मंत्रिमंडल से हटा दें। बीजेपी इस मुद्दे पर झारखंड में आंदोलन
करेगी, ताकि इस
राज्य और देश के लोगों को पता चले कि कांग्रेस और झामुमो के लोग संविधान में
विश्वास नहीं रखते और
शरीयत के अनुसार काम करना चाहते हैं। दरअसल,झारखंड के मंत्री हफीजुल हसन ने पहले शरीयत,
फिर संविधान संबंधी अपनी विवादास्पद टिप्पणी पर स्पष्टीकरण देते हुए मंत्री हसन ने कहा कि यह गलत व्याख्या है और
संदर्भ से बाहर है। हसन ने स्पष्ट किया, मैंने मैं नहीं कहा, मैंने हम कहा। पूरा बयान देखिए। मैं एक मंत्री हूं;
हम' में सभी शामिल हैं। एक मंत्री संविधान में
विश्वास करता है और उसके अनुसार काम करता है। मंत्री हसन ने अपना बचाव करते हुए कहा कि अन्य
धर्मों की तरह शरीयत भी लोगों के दिलों में स्थान रखता है, लेकिन यह संविधान का स्थान नहीं लेता है।
उन्होंने
स्पष्ट किया, शरीयत
का भी अपना स्थान है। लोग हनुमान जी को अपने दिल में रखते हैं। यह कहने का एक
तरीका है। मैंने भी कुछ ऐसा ही कहा। हर कोई इसे तोड़-मरोड़ कर पेश कर रहा है। जब
आप पूरे 5-6 मिनट तक
मेरी कही गई बातों को देखेंगे तो आपको पता चल जाएगा। हसन ने इस बात पर भी जोर दिया
कि एक मंत्री के तौर पर वे संविधान के अनुसार काम करते हैं। उनकी टिप्पणियों को
कुछ लोगों ने गलत समझा है। उन्होंने लोगों से उनके बयान के संदर्भ को पूरी तरह से
समझने का आग्रह किया। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने मंत्री हसन द्वारा
संविधान के खिलाफ की गई कथित टिप्पणियों की कड़ी निंदा की है। विशेष रूप से
अंबेडकर जयंती के अवसर पर जो बाबा साहेब को सम्मानित करने के लिए समर्पित दिन है।