- Back to Home »
- State News »
- बसपा सुप्रीमो मायावती को मूर्तियों और हाथी की प्रतिमाओं पर खर्च किए जनता के पैसे वापस खजाने में जमा कराने का आदेश दिया सुप्रीम कोर्ट ने....
बसपा सुप्रीमो मायावती को मूर्तियों और हाथी की प्रतिमाओं पर खर्च किए जनता के पैसे वापस खजाने में जमा कराने का आदेश दिया सुप्रीम कोर्ट ने....
Posted by : achhiduniya
08 February 2019
चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा कि हमारा प्रारंभिक विचार है कि
मैडम मायावती को मूर्तियों का सारा पैसा अपनी जेब से सरकारी खजाने को भुगतान करना
चाहिए। मायावती की ओर से सतीश मिश्रा ने कहा कि इस केस की सुनवाई मई के बाद हो, लेकिन चीफ जस्टिस ने कहा कि हमें कुछ और कहने के
लिए मजबूर न करें। सुप्रीम कोर्ट ने बहुजन समाज पार्टी की
मुखिया मायावती से कहा है कि स्मारक, अपनी
मूर्तियां और हाथी की प्रतिमाएं बनाने पर जो जनता का पैसा खर्च हुआ है।
उसको जनता को
वापस लौटाएं। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि प्रथम दृष्टया बीएसपी नेता
मायावती को उनकी प्रतिमाओं और हाथियों पर खर्च किए गए सभी सार्वजनिक धन का भुगतान
करना है। सुप्रीम कोर्ट ने एक पुरानी याचिका पर सुनवाई करते हुए ये बात कही लेकिन
अंतिम आदेश आना बाकी है। सुप्रीम कोर्ट इस मामले पर सुनवाई कर रहा है कि क्या
मायावती और बसपा चुनाव चिन्ह की मूर्तिर्यों के निर्माण पर हुए खर्च को बसपा से
वसूला जाए या नही। याचिकाकर्ता रविकांत ने मायावती और बसपा चुनाव चिन्ह की
मूर्तिर्यों के निर्माण पर सरकारी खजाने खर्च करने को लेकर सुप्रीम कोर्ट से मांग
की मूर्ति निर्माण पर हुए करोड़ों के खर्च को बसपा से वसूला जाए।
याचिकाकर्ता रविकांत ने सुप्रीम कोर्ट में कहा
कि सरकारी धन को इस तरह नहीं खर्च किया जा सकता। सरकार की कार्रवाई अनुचित थी और
इस पर सुनवाई होनी चाहिए। रविकांत ने साल 2009 में सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका
दाखिल कर मूर्ति निर्माण पर हुए करोड़ों के खर्च को बसपा से वसूलने की मांग की थी।
सुप्रीम कोर्ट 2 अप्रैल को हाथी की मूर्तियों पर खर्च की गई
धनराशि की जनहित याचिका की अंतिम सुनवाई करेगा।


